Railways

नार्थ सेंट्रल रेलवे वर्कर्स यूनियन (एनसीआरडब्लूयू)

North Central Railway Workers Union (NCRWU)

ईस्ट सेंट्रल रेलवे इंप्लाईज यूनियन द्वारा कन्वेंशन का आयोजन

16 जुलाई को दरभंगा में ईस्ट सेंट्रल रेलवे इम्पलाईज यूनियन (संबद्ध ऐक्टू) के बैनर तले निजीकरण, निगमीकरण और एनपीएस के खिलाफ कन्वेंशन आयोजित किया गया. दरभंगा रेलवे स्टेशन के नजदीक आयोजित इस कन्वेंशन के मुख्य वक्ता रेल मजदूरों के फेडरेशन आइआरईएफ के सम्मानित अध्यक्ष रवि सेन तथा भाकपा-माले नेता धीरेंद्र झा थे.

रेलवे के निजीकरण के खिलाफ जंतर-मंतर पर प्रदर्शन

दिल्ली के विभिन्न इलाकों से आनेवाले मज़दूरों और साथ ही उत्तर जोन के रेलवे कर्मचारियों ने 10 जुलाई को जंतर मंतर पर मोदी सरकार के ‘रेल निजीकरण’ के फैसले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया. ऐक्टू द्वारा आयोजित इस विरोध प्रदर्शन में रेलवे के निजीकरण से होनेवाली समस्याओं पर लोगों ने अपनी बातें रखीं व विरोध जताया.

रेलवे फेडरेशन आईआरईएफ द्वारा जारी अपील

(यह अपील इंडियन रेलवे इम्प्लाइज फेडरेशन (आईआरईएफ-संबद्ध ऐक्टू) द्वारा रेलवे में यूनियन मान्यता के लिये शीघ्र ही होने वाले चुनावों के लिये तमाम कैटिगोरिकल व अन्य यूनियनों के लिये जारी की गई थी.)

प्रिय साथी,

ऐक्टू और आईआरईएफ ने संगठित किया 25 जुलाई को प्रतिवाद दिवस - जलाई गईं 100 दिनों के ऐक्शन प्लान की प्रतियां

मोदी शासन-2 के रेल के निजीकरण के ‘100 दिनों के ऐक्शन प्लान’ के खिलाफ ऐक्टू और आईआरईएफ के आह्वान पर देशव्यापी प्रतिरोध संगठित कर ऐक्शन प्लान की प्रतियां जलाई गईं.

भारतीय रेल के निगमीकरण एवं निजीकरण के खिलाफ संघर्षों में एकताबद्ध हों

रेल कोच फैक्ट्री (आरसीएफ-कपूरथला, पंजाब) की आरसीएफ इंप्लाइज यूनियन (संबद्ध ऐक्टू) द्वारा रेल कर्मियों को जारी अपील से....

मोदी सरकार ने सभी 7 रेलवे प्रोडक्शन इकाइयों के निगमीकरण, और अंततः निजीकरण के लिये 100 दिनों का ऐक्शन प्लान जारी किया है. इसका मतलब होगाः 

इंडियन रेलवे इंप्लाइज फैडरेशन (आइआरईएफ) का दूसरा राष्ट्रीय सम्मेलन सफलतापूर्वक संपन्न

खुले सांप्रदायिक अभियान का सहारा लिया

2019 के संसदीय चुनावों की औपचारिक शुरूआत करते हुए वर्धा (महाराष्ट्र) में एक भाषण के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुल्लमखुल्ला विभाजनकारी सांप्रदायिक जुगाली भरी और प्रतिद्वंद्वी पार्टियों पर हिंदू-विरोधी एजेंडा अपनाने का आरोप लगाया. भाषण की शैली और सारवस्तु में मोदी की उलझन और हताशा झलक रही थी. रोजगार और किसानों से जुड़े सवालों पर मजबूती से मतदाताओं का सामना करने में असमर्थ और बहुतेरे भ्रष्टाचार घोटालों से घिरे मोदी और भाजपा अब अपनी अंतिम संभव तिकड़म का सहारा ले रहे हैं.

नार्थ सेंट्रल रेलवे वर्कर्स यूनियन ने उत्तर मध्य रेलवे के आगरा मंडल मे किया जोरदार प्रदर्शन

9 अगस्त 2018 को उत्तर मध्य रेलवे आगरा मंडल कार्यालय पर ऐक्टू से संबद्ध नार्थ सेंट्रल रेलवे वर्कर्स यूनियन (एनसीआरडब्लूयू) के नेतृत्व में केंद्र सरकार की देश के सबसे बड़े राष्ट्रीय एवं रणनीतिक सेक्टर रेलवे को देसी-विदेशी हाथों में बेचने और रेलवे कर्मियों पर चौतरफा हमला बोल देने के खिलाफ और साथ ही रेलवे में कार्यरत प्रमुख, मान्यता प्राप्त यूनियनों के घुटनाटेकू रवैये के खिलाफ “पोल-खोल अभियान“ के तहत जोरदार प्रदर्शन किया गया.

ऐक्टू के नेतृत्व मे रेलवे और इफ्को के ठेका मजदूरों ने इलाहाबाद के जिलाधिकारी कार्यालय पर किया प्रदर्शन

ऐक्टू के नेतृत्व मे ठेका मजदूरों ने इलाहाबाद के जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन किया जिसमें एनसी रेलवे (इलाहाबाद) और इफ्को (फूलपुर) कारखाने के सैकड़ों ठेका मजदूर शामिल थे.

मजदूर-विरोधी, जन-विरोधी फासीवादी मोदी सरकार को हटाने के संकल्प के साथ मई दिवस के अवसर पर देशभर में कार्यक्रम आयोजित किये गये

अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस के मौके पर देश भर में ऐक्टू और भाकपा-माले ने रैलियों, जुलूस और सभाओं के रूप में विविध आयोजन किए और मजदूर-विरोधी, जन-विरोधी व राष्ट्र-विरोधी फासीवादी संघ-भाजपा निजाम को शिकस्त देने का संकल्प लिया. पिछले अंक में समय की कमी के चलते हम इनकी रिपोर्ट नहीं दे सके. इस अंक में प्रस्तुत है मई दिवस कार्यक्रमों की सक्षिप्त में रिपोर्ट.